वैश्विक तेजी के बीच रिकॉर्ड उच्च स्तर पर पहुंचे सेंसेक्स और निफ्टी

अमेरिका की नामित वित्त मंत्री जेनेट येलेन ने अमेरिकी अर्थव्यवस्था की रक्षा के लिये भारी प्रोत्साहन का आह्वान किया. इसके बाद बुधवार को दुनिया के शेयरों में तेजी आयी.

वैश्विक तेजी के बीच रिकॉर्ड उच्च स्तर पर पहुंचे सेंसेक्स और निफ्टी

प्रतीकात्मक तस्वीर

मुंबई:

अमेरिका में नयी सरकार से नये राहत उपायों की उम्मीद में वैश्विक बाजारों में तेजी रही. इसके बीच सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी), ऊर्जा और वाहन कंपनियों के शेयरों में मजबूती आने से बुधवार को घरेलू शेयर बाजार (Share Market) नयी रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गये. बीएसई (BSE) का 30 शेयरों वाला सूचकांक सेंसेक्स (Sensex) 393.83 अंक यानी 0.80 प्रतिशत की बढ़त के साथ 49,792.12 अंक के नये रिकॉर्ड स्तर पर बंद हुआ. इसी तरह एनएसई (Nifty) का निफ्टी 123.55 अंक यानी 0.85 प्रतिशत उछलकर 14,644.70 अंक के उच्च स्तर पर पहुंच गया. अमेरिका की नामित वित्त मंत्री जेनेट येलेन ने अमेरिकी अर्थव्यवस्था की रक्षा के लिये भारी प्रोत्साहन का आह्वान किया. इसके बाद बुधवार को दुनिया के शेयरों में तेजी आयी. निर्वाचित राष्ट्रपति जो बाइडन बुधवार को पद की शपथ लेंगे. उन्होंने अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिये 1.9 हजार अरब डॉलर के प्रोत्साहन पैकेज का प्रस्ताव रखा है.

सेंसेक्स की कंपनियों में मारुति सुजुकी सबसे ज्यादा 2.75 प्रतिशत की तेजी में रही. इसके बाद टेक महिंद्रा (2.67 प्रतिशत), महिंद्रा एंड महिंद्रा (1.98 प्रतिशत) और एशियन पेंट्स (1.98 प्रतिशत) का स्थान रहा. रिलायंस इंडस्ट्रीज, टीसीएस, इन्फोसिस, एचसीएल टेक, एचडीएफसी और आईसीआईसीआई बैंक के शेयरों में भी तेजी रही. इससे बाजार लगातार दूसरे दिन मजबूत हुआ.

इनके विपरीत पावरग्रिड कॉरपोरेशन में 1.75 फीसदी, एनटीपीसी में 1.35 फीसदी, एचडीएफसी बैंक में 0.83 फीसदी और आईटीसी में 0.59 फीसदी की गिरावट रही. जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘‘वाहन, आईटी और सरकारी बैंकों में खरीदारी आने तथा वैश्विक बाजारों के आशावादी होने से भारतीय बाजार को नयी ऊंचाइयां छूने का बल मिला. अभी तक तीसरी तिमाही के परिणाम उम्मीद से बेहतर रहे हैं. इससे विभिन्न क्षेत्रों में लिवाली को समर्थन मिला.

जो बाइडन के शपथ लेने से पहले अमेरिकी बाजार सकारात्मक धारणा में हैं और नये राहत उपायों की उम्मीद लगायी जा रही है.'' बीएसई के समूहों में वाहन, ऊर्जा, आईटी और प्रौद्योगिकी 2.18 प्रतिशत तक चढ़ गये. हालांकि यूटिलिटीज, एफएमसीजी और दूरसंचार गिरावट में रहे. बीएसई का मिडकैप और स्मॉलकैप 1.08 प्रतिशत तक की बढ़त में रहा.

अमेरिकी राष्ट्रपति के रूप में जो बाइडन के शपथ लेने से पहले अधिकांश एशियाई शेयर बाजारों में तेजी रही. दक्षिण कोरिया का कोस्पी 0.6 प्रतिशत, जबकि हांगकांग का हैंगसेंग 0.7 प्रतिशत की बढ़त में रहा. हालांकि जापान का निक्की 0.4 प्रतिशत की गिरावट में रहा. शुरुआती कारोबार में यूरोपीय बाजार बढ़त में चल रहे थे. अंतरबैंकिंग मुद्रा बाजार में रुपया लगातार दूसरे दिन मजबूत हुआ और 12 पैसे की तेजी के साथ 73.05 प्रति डॉलर पर रहा.

कच्चा तेल का वैश्विक मानक ब्रेंट क्रूड 0.70 प्रतिशत बढ़कर 56.29 डॉलर प्रति बैरल पर चल रहा था. विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (एफपीआई) शुद्ध खरीदार बने हुए हैं. शुरुआती आंकड़ों के अनुसार, मंगलवार को एफपीआई ने 257.55 करोड़ रुपये के शेयरों की खरीदारी की.



(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)