अब ‘नो टीडीएस सर्टिफिकेट’ पाना होगा आसान, वित्त मंत्रालय प्रक्रिया सरल करने के मांगे सुझाव

वित्त मंत्रालय ने नो टैक्‍स डिडक्शन सर्टिफिकेट के लिए ऑनलाइन सर्टिफिकेट जारी करने के नियमों में बदलाव के प्रस्ताव पर सोमवार को राय मांगी.

अब ‘नो टीडीएस सर्टिफिकेट’ पाना होगा आसान, वित्त मंत्रालय प्रक्रिया सरल करने के मांगे सुझाव

फाइल फोटो

नई दिल्ली:

वित्त मंत्रालय ने नो टैक्‍स डिडक्शन सर्टिफिकेट के लिए ऑनलाइन सर्टिफिकेट जारी करने के नियमों में बदलाव के प्रस्ताव पर सोमवार को राय मांगी. इनकम टैक्‍स की कोई कटौती नहीं होने या कम होने पर ऑनलाइन सर्टिफिकेट जारी करने की प्रक्रिया को तर्कसंगत बनाने का प्रस्ताव है. वित्त मंत्रालय की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक, कोई कर कटौती नहीं होने या निम्न दर से कटौती/कर संग्रह होने पर सर्टिफिकेट जारी करने की प्रक्रिया को तर्कसंगत बनाने के लिए मौजूद फॉर्म संख्या 13 और आयकर के नियमों में संशोधन की जरूरत है. मंत्रालय ने हितधारकों और आम जनता से आयकर अधिनियम 1962 में चार सितंबर तक संशोधन करने के संबंध में प्रस्ताव पर सुझाव मंगवाए हैं. फॉर्म संख्या 13 और आयकर अधिनियम 28, 28 एए, 28 एबी, 37 जी और 37 एच में परिवर्तन के संबंध में अधिसूचना आयकर विभाग की वेबसाइट पर अपलोड की गई है.

सरकार ने नो टैक्‍स डिडक्शन सर्टिफिकेट (कर कटौती नहीं प्रमाणपत्र) इलेक्ट्रोनिक तरीके से प्राप्त करने के लिये आयकर नियमों में संशोधन का प्रस्ताव किया है. सरकार की यह पहल करदाता और अधिकारियों के बीच सीधे आमना- सामना और अनुपालन बोझ कम करने की पहल के तहत किया है. इनकम टैक्‍स कर विभाग ने आयकर कानून के तहत फार्म नंबर 13 और इससे संबंधित नियमों में बदलाव का प्रस्ताव किया है. 
राजस्व विभाग ने कहा है, ‘टैक्‍स कटौती नहीं अथवा निम्न दर पर कर कटौती के संबंध में इलेक्ट्रानिक तरीके से प्रमाणपत्र जारी करने की प्रक्रिया को सरल बनाने के लिये मौजूदा फार्म नंबर 13 और संबंधित आईटी नियमों में संशोधन की आवश्यकता है.’ यह करदाता और अधिकारियों के बीच सीधे आमना-सामना रोकने के लिहाज से महत्वपूर्ण है. विभाग ने इस बारे में जारी मसौदा अधिसूचना पर संबंधित पक्षों से चार सितंबर तक जरूरी सुझाव मांगे हैं. टैक्समैन के उप-महाप्रबंधक नवीन वाधवा ने कहा कि आयकर विभाग से कम कर कटौती अथवा शून्य कर कटौती के बारे में प्रमाणपत्र हासिल करना काफी बोझिल काम है. 

खासतौर से वरिष्ठ नागरिकों के लिये यह काफी परेशानी का काम है जिन्हें उनके अधिकार क्षेत्र वाले आयकर अधिकारी के कार्यालय में जाकर दस्तावेज के रूप में फार्म 13 जमा कराना होता है. बहरहाल, आयकर विभाग ने संशोधित प्रारूप को अपने वेबसाइट पर डाला है और संबंधित पक्षों से अपनी राय देने को कहा है.